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भिलाई में अवैध मदरसे पर निगम का बुलडोजर, सरकारी भूमि हुई कब्जामुक्त

भिलाई। भिलाई के अय्यप्पा नगर क्षेत्र में सोमवार को प्रशासन ने बड़ी कार्रवाई करते हुए सरकारी भूमि पर बने एक कथित अवैध मदरसे के निर्माण को ध्वस्त कर दिया। कार्रवाई के दौरान किसी भी प्रकार की अप्रिय स्थिति से निपटने के लिए भारी पुलिस बल तैनात किया गया था। पूरे अभियान की निगरानी प्रशासनिक अधिकारियों की मौजूदगी में की गई।

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प्राप्त जानकारी के अनुसार, सुपेला थाना क्षेत्र के अय्यप्पा नगर में सरकारी भूमि पर अवैध रूप से निर्माण कर मदरसा संचालित किए जाने की शिकायत लंबे समय से प्रशासन को मिल रही थी।

मुकेश
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जांच के बाद भूमि को सरकारी रिकॉर्ड में दर्ज पाए जाने पर निगम और राजस्व विभाग ने संयुक्त रूप से ध्वस्तीकरण की कार्रवाई की योजना बनाई। सोमवार सुबह प्रशासनिक अमला बुलडोजर और अन्य आवश्यक संसाधनों के साथ मौके पर पहुंचा और अवैध ढांचे को हटाने की कार्रवाई शुरू की।

खाटू श्याम
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कार्रवाई के दौरान सुरक्षा व्यवस्था के व्यापक इंतजाम किए गए थे। करीब 200 पुलिसकर्मियों के अलावा विभिन्न थानों के थाना प्रभारी, स्थानीय पुलिस बल तथा जवान मौके पर तैनात रहे। प्रशासन को आशंका थी कि कार्रवाई के दौरान विरोध की स्थिति बन सकती है, इसलिए सुरक्षा के विशेष प्रबंध किए गए थे।

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सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार जिस भूमि पर मदरसा संचालित किया जा रहा था, उसकी अनुमानित बाजार कीमत करीब 4 से 5 करोड़ रुपये है। ध्वस्तीकरण के बाद सरकारी भूमि को कब्जामुक्त करा लिया गया है। प्रशासन का कहना है कि सरकारी जमीन पर किसी भी प्रकार के अवैध कब्जे को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा और भविष्य में भी ऐसे मामलों में कार्रवाई जारी रहेगी।

सीजू एंथोनी
अलताब
शमशेर

कार्रवाई की सूचना मिलते ही बड़ी संख्या में स्थानीय लोग मौके पर पहुंच गए। स्थिति को नियंत्रित रखने के लिए पुलिस ने लोगों को निर्धारित दूरी पर रखा और मदरसे में पढ़ने वाले बच्चों को भी सुरक्षा कारणों से परिसर से दूर रहने की सलाह दी। इस दौरान कुछ लोगों और पुलिसकर्मियों के बीच कहासुनी तथा नोकझोंक की स्थिति भी बनी, हालांकि पुलिस ने हालात को शांतिपूर्वक नियंत्रित कर लिया।

ध्वस्तीकरण अभियान कई घंटों तक चला, जिसके बाद पूरे परिसर को खाली कराकर प्रशासन ने भूमि को अपने कब्जे में ले लिया। अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि सरकारी भूमि पर अतिक्रमण करने वालों के खिलाफ आगे भी सख्त कार्रवाई जारी रहेगी।